Marathi Barakhadi: मराठी बाराखडी, क ते ज्ञ संपूर्ण बाराखडी
लहान मुलांना मराठी वाचायला आणि लिहायला शिकवताना सर्वात महत्त्वाची गोष्ट म्हणजे मराठी बाराखडी. अक्षरांची ओळख झाल्यानंतर स्वर आणि व्यंजन यांचा संयोग समजला की मुलांना शब्द वाचणे आणि लिहिणे सोपे जाते. त्यामुळेच शाळेतील सुरुवातीच्या शिक्षणात Marathi Barakhadi ला विशेष महत्त्व दिले जाते.

या लेखामध्ये आपण मराठी बाराखडी, मराठी स्वर, व्यंजन, क ची बाराखडी, ख ची बाराखडी, ग ची बाराखडी तसेच क ते ज्ञ पर्यंतची संपूर्ण बाराखडी सोप्या पद्धतीने पाहणार आहोत. मुलांना वाचनाचा सराव करण्यासाठी खाली दिलेला तक्ता उपयोगी ठरेल.
मराठी बाराखडी म्हणजे काय?
व्यंजनाला वेगवेगळ्या स्वरांची मात्रा जोडून तयार होणाऱ्या अक्षरांच्या रूपांना बाराखडी म्हणतात. उदाहरणार्थ, ‘क’ या व्यंजनाला वेगवेगळ्या स्वरांच्या मात्रा जोडल्यावर क, का, कि, की, कु, कू, के, कै, को, कौ, कं, कः अशी रूपे तयार होतात.
बाराखडीचा सराव केल्यामुळे मुलांना अक्षरांचे उच्चार, मात्रा आणि शब्दरचना समजण्यास मदत होते. त्यामुळे मराठी वाचन आणि लेखन शिकण्यासाठी Marathi Barakhadi हा एक महत्त्वाचा पाया मानला जातो.
मराठी स्वर
बाराखडी समजून घेण्यासाठी आधी स्वरांची ओळख असणे आवश्यक आहे. सामान्यतः बाराखडीच्या तक्त्यामध्ये खालील १२ स्वरांचा वापर केला जातो:
अ, आ, इ, ई, उ, ऊ, ए, ऐ, ओ, औ, अं, अः
या स्वरांच्या मात्रा व्यंजनांबरोबर जोडून वेगवेगळी अक्षरे तयार होतात.
स्वरांच्या मात्रा
| स्वर | मात्रा | उदाहरण |
|---|---|---|
| अ | — | क |
| आ | ा | का |
| इ | ि | कि |
| ई | ी | की |
| उ | ु | कु |
| ऊ | ू | कू |
| ए | े | के |
| ऐ | ै | कै |
| ओ | ो | को |
| औ | ौ | कौ |
| अं | ं | कं |
| अः | ः | कः |
मराठी व्यंजन
मराठी बाराखडीमध्ये स्वरांबरोबर व्यंजनांचा संयोग केला जातो. प्रमुख व्यंजनांमध्ये खालील अक्षरांचा समावेश होतो:
क, ख, ग, घ, ङ
च, छ, ज, झ, ञ
ट, ठ, ड, ढ, ण
त, थ, द, ध, न
प, फ, ब, भ, म
य, र, ल, व
श, ष, स, ह, ळ
तसेच क्ष आणि ज्ञ ही संयुक्त अक्षरेही मराठी शिक्षणात शिकवली जातात.
क ची मराठी बाराखडी
क या अक्षराची बाराखडी:
क
का
कि
की
कु
कू
के
कै
को
कौ
कं
कः
इंग्रजी उच्चाराच्या सरावासाठी:
Ka – Kaa – Ki – Kee – Ku – Koo – Ke – Kai – Ko – Kau
ख ची बाराखडी
ख
खा
खि
खी
खु
खू
खे
खै
खो
खौ
खं
खः
Kha – Khaa – Khi – Khee – Khu – Khoo – Khe – Khai – Kho – Khau
ग ची बाराखडी
ग
गा
गि
गी
गु
गू
गे
गै
गो
गौ
गं
गः
Ga – Gaa – Gi – Gee – Gu – Goo – Ge – Gai – Go – Gau
घ ची बाराखडी
घ
घा
घि
घी
घु
घू
घे
घै
घो
घौ
घं
घः
Gha – Ghaa – Ghi – Ghee – Ghu – Ghoo – Ghe – Ghai – Gho – Ghau
संपूर्ण Marathi Barakhadi Chart
खाली मराठी बाराखडीचा संपूर्ण सराव करण्यासाठी तक्ता दिला आहे. प्रत्येक व्यंजनाला १२ स्वरांची रूपे जोडली आहेत.
| व्यंजन | बाराखडी |
| क | क का कि की कु कू के कै को कौ कं कः |
| ख | ख खा खि खी खु खू खे खै खो खौ खं खः |
| ग | ग गा गि गी गु गू गे गै गो गौ गं गः |
| घ | घ घा घि घी घु घू घे घै घो घौ घं घः |
| च | च चा चि ची चु चू चे चै चो चौ चं चः |
| छ | छ छा छि छी छु छू छे छै छो छौ छं छः |
| ज | ज जा जि जी जु जू जे जै जो जौ जं जः |
| झ | झ झा झि झी झु झू झे झै झो झौ झं झः |
| ट | ट टा टि टी टु टू टे टै टो टौ टं टः |
| ठ | ठ ठा ठि ठी ठु ठू ठे ठै ठो ठौ ठं ठः |
| ड | ड डा डि डी डु डू डे डै डो डौ डं डः |
| ढ | ढ ढा ढि ढी ढु ढू ढे ढै ढो ढौ ढं ढः |
| ण | ण णा णि णी णु णू णे णै णो णौ णं णः |
| त | त ता ति ती तु तू ते तै तो तौ तं तः |
| थ | थ था थि थी थु थू थे थै थो थौ थं थः |
| द | द दा दि दी दु दू दे दै दो दौ दं दः |
| ध | ध धा धि धी धु धू धे धै धो धौ धं धः |
| न | न ना नि नी नु नू ने नै नो नौ नं नः |
| प | प पा पि पी पु पू पे पै पो पौ पं पः |
| फ | फ फा फि फी फु फू फे फै फो फौ फं फः |
| ब | ब बा बि बी बु बू बे बै बो बौ बं बः |
| भ | भ भा भि भी भु भू भे भै भो भौ भं भः |
| म | म मा मि मी मु मू मे मै मो मौ मं मः |
| य | य या यि यी यु यू ये यै यो यौ यं यः |
| र | र रा रि री रु रू रे रै रो रौ रं रः |
| ल | ल ला लि ली लु लू ले लै लो लौ लं लः |
| व | व वा वि वी वु वू वे वै वो वौ वं वः |
| श | श शा शि शी शु शू शे शै शो शौ शं शः |
| ष | ष षा षि षी षु षू षे षै षो षौ षं षः |
| स | स सा सि सी सु सू से सै सो सौ सं सः |
| ह | ह हा हि ही हु हू हे है हो हौ हं हः |
| ळ | ळ ळा ळि ळी ळु ळू ळे ळै ळो ळौ ळं ळः |
वरील पद्धतीने प्रत्येक व्यंजनाला स्वरांची मात्रा जोडून बाराखडी तयार होते.
Marathi Barakhadi With English
मराठी बाराखडी शिकताना अनेक मुलांना इंग्रजीतील उच्चार समोर असले की अक्षरे लक्षात ठेवणे सोपे जाते.
उदाहरण:
क – Ka
का – Kaa
कि – Ki
की – Kee
कु – Ku
कू – Koo
के – Ke
कै – Kai
को – Ko
कौ – Kau
कं – Kam/Kaṃ
कः – Kah
याच पद्धतीने ख, ग, घ, च, ज, ट, त, प, म, य, र, ल, व, स आणि इतर व्यंजनांचा सराव करता येतो.
मुलांना मराठी बाराखडी कशी शिकवावी?
मुलांना एकाच वेळी संपूर्ण बाराखडी पाठ करण्यास सांगितल्यास त्यांना ती अवघड वाटू शकते. त्यामुळे दररोज काही अक्षरांचा सराव करणे अधिक सोपे ठरते.
सुरुवातीला एका दिवसात क, ख, ग या तीन अक्षरांची बाराखडी मोठ्याने वाचून घ्यावी. त्यानंतर तीच अक्षरे वहीमध्ये लिहायला सांगावीत. दुसऱ्या दिवशी घ, च, छ यांचा सराव करता येतो.
बाराखडी वाचताना फक्त पाठांतर करण्यापेक्षा प्रत्येक अक्षराचा उच्चार स्पष्टपणे करणे महत्त्वाचे आहे. उदाहरणार्थ:
क – का – कि – की – कु – कू – के – कै – को – कौ
अशी सलग वाचण्याची सवय लावल्यास मात्रा ओळखण्यास मदत होते.
बाराखडीसोबत सोपे शब्द वाचा
बाराखडीचा सराव झाल्यानंतर मुलांना छोट्या शब्दांचे वाचन करायला लावावे.
क – कमळ, काका, कप
ग – गाय, गाडी, गणपती
म – मामा, माला, मासा
प – पतंग, पान, पाणी
ब – बकरी, बाग, बाटली
र – रथ, राजा, रस्ता
यामुळे अक्षरांचा प्रत्यक्ष शब्दांमध्ये कसा वापर होतो हे मुलांना समजते.
Marathi Barakhadi का महत्त्वाची आहे?
मराठी वाचनाची सुरुवात अक्षरांच्या ओळखीपासून होते. त्यानंतर स्वर, व्यंजन आणि मात्रा समजल्यावर मुलांना शब्द वाचणे सोपे होते. बाराखडीच्या नियमित सरावामुळे अक्षरांचे वेगवेगळे उच्चार आणि मात्रा ओळखण्याची सवय लागते.
विशेषतः पहिली आणि दुसरीच्या विद्यार्थ्यांसाठी, मराठी माध्यमातील मुलांसाठी तसेच घरी मराठी वाचनाचा सराव करणाऱ्या मुलांसाठी Marathi Barakhadi Chart उपयोगी ठरू शकतो.
मराठी बाराखडी PDF आणि Chart
पालक आणि शिक्षक मुलांच्या अभ्यासासाठी मराठी बाराखडीचा चार्ट प्रिंट करून अभ्यासाच्या ठिकाणी लावू शकतात. रोज काही मिनिटे बाराखडी मोठ्याने वाचल्यास मुलांना अक्षरांची ओळख आणि मात्रा लक्षात ठेवण्यास मदत होऊ शकते.
बाराखडी शिकताना वाचणे + लिहिणे + उच्चार करणे या तिन्ही गोष्टींचा एकत्र सराव करणे अधिक उपयोगी ठरते.
निष्कर्ष
Marathi Barakhadi ही मराठी भाषा शिकण्याचा एक महत्त्वाचा पाया आहे. क, ख, ग यांसारख्या व्यंजनांना वेगवेगळ्या स्वरांच्या मात्रा जोडून तयार होणारी अक्षरे मुलांना मराठी वाचन आणि लेखन समजण्यासाठी मदत करतात.
जर मुलांना बाराखडी सुरुवातीपासून सोप्या पद्धतीने शिकवली आणि दररोज थोडा सराव करून घेतला, तर पुढे शब्द, वाक्य आणि उतारे वाचणे अधिक सहज होऊ शकते.Marathi Barakhadi: मराठी बाराखडी, क ते ज्ञ संपूर्ण बाराखडी
लहान मुलांना मराठी वाचायला आणि लिहायला शिकवताना सर्वात महत्त्वाची गोष्ट म्हणजे मराठी बाराखडी. अक्षरांची ओळख झाल्यानंतर स्वर आणि व्यंजन यांचा संयोग समजला की मुलांना शब्द वाचणे आणि लिहिणे सोपे जाते. त्यामुळेच शाळेतील सुरुवातीच्या शिक्षणात Marathi Barakhadi ला विशेष महत्त्व दिले जाते.
या लेखामध्ये आपण मराठी बाराखडी, मराठी स्वर, व्यंजन, क ची बाराखडी, ख ची बाराखडी, ग ची बाराखडी तसेच क ते ज्ञ पर्यंतची संपूर्ण बाराखडी सोप्या पद्धतीने पाहणार आहोत. मुलांना वाचनाचा सराव करण्यासाठी खाली दिलेला तक्ता उपयोगी ठरेल.
मराठी बाराखडी म्हणजे काय?
व्यंजनाला वेगवेगळ्या स्वरांची मात्रा जोडून तयार होणाऱ्या अक्षरांच्या रूपांना बाराखडी म्हणतात. उदाहरणार्थ, ‘क’ या व्यंजनाला वेगवेगळ्या स्वरांच्या मात्रा जोडल्यावर क, का, कि, की, कु, कू, के, कै, को, कौ, कं, कः अशी रूपे तयार होतात.
बाराखडीचा सराव केल्यामुळे मुलांना अक्षरांचे उच्चार, मात्रा आणि शब्दरचना समजण्यास मदत होते. त्यामुळे मराठी वाचन आणि लेखन शिकण्यासाठी Marathi Barakhadi हा एक महत्त्वाचा पाया मानला जातो.
मराठी स्वर
बाराखडी समजून घेण्यासाठी आधी स्वरांची ओळख असणे आवश्यक आहे. सामान्यतः बाराखडीच्या तक्त्यामध्ये खालील १२ स्वरांचा वापर केला जातो:
अ, आ, इ, ई, उ, ऊ, ए, ऐ, ओ, औ, अं, अः
या स्वरांच्या मात्रा व्यंजनांबरोबर जोडून वेगवेगळी अक्षरे तयार होतात.
स्वरांच्या मात्रा
| स्वर | मात्रा | उदाहरण |
|---|---|---|
| अ | — | क |
| आ | ा | का |
| इ | ि | कि |
| ई | ी | की |
| उ | ु | कु |
| ऊ | ू | कू |
| ए | े | के |
| ऐ | ै | कै |
| ओ | ो | को |
| औ | ौ | कौ |
| अं | ं | कं |
| अः | ः | कः |
मराठी व्यंजन
मराठी बाराखडीमध्ये स्वरांबरोबर व्यंजनांचा संयोग केला जातो. प्रमुख व्यंजनांमध्ये खालील अक्षरांचा समावेश होतो:
क, ख, ग, घ, ङ
च, छ, ज, झ, ञ
ट, ठ, ड, ढ, ण
त, थ, द, ध, न
प, फ, ब, भ, म
य, र, ल, व
श, ष, स, ह, ळ
तसेच क्ष आणि ज्ञ ही संयुक्त अक्षरेही मराठी शिक्षणात शिकवली जातात.
क ची मराठी बाराखडी
क या अक्षराची बाराखडी:
क
का
कि
की
कु
कू
के
कै
को
कौ
कं
कः
इंग्रजी उच्चाराच्या सरावासाठी:
Ka – Kaa – Ki – Kee – Ku – Koo – Ke – Kai – Ko – Kau
ख ची बाराखडी
ख
खा
खि
खी
खु
खू
खे
खै
खो
खौ
खं
खः
Kha – Khaa – Khi – Khee – Khu – Khoo – Khe – Khai – Kho – Khau
ग ची बाराखडी
ग
गा
गि
गी
गु
गू
गे
गै
गो
गौ
गं
गः
Ga – Gaa – Gi – Gee – Gu – Goo – Ge – Gai – Go – Gau
घ ची बाराखडी
घ
घा
घि
घी
घु
घू
घे
घै
घो
घौ
घं
घः
Gha – Ghaa – Ghi – Ghee – Ghu – Ghoo – Ghe – Ghai – Gho – Ghau
संपूर्ण Marathi Barakhadi Chart
खाली मराठी बाराखडीचा संपूर्ण सराव करण्यासाठी तक्ता दिला आहे. प्रत्येक व्यंजनाला १२ स्वरांची रूपे जोडली आहेत.
| व्यंजन | बाराखडी |
| क | क का कि की कु कू के कै को कौ कं कः |
| ख | ख खा खि खी खु खू खे खै खो खौ खं खः |
| ग | ग गा गि गी गु गू गे गै गो गौ गं गः |
| घ | घ घा घि घी घु घू घे घै घो घौ घं घः |
| च | च चा चि ची चु चू चे चै चो चौ चं चः |
| छ | छ छा छि छी छु छू छे छै छो छौ छं छः |
| ज | ज जा जि जी जु जू जे जै जो जौ जं जः |
| झ | झ झा झि झी झु झू झे झै झो झौ झं झः |
| ट | ट टा टि टी टु टू टे टै टो टौ टं टः |
| ठ | ठ ठा ठि ठी ठु ठू ठे ठै ठो ठौ ठं ठः |
| ड | ड डा डि डी डु डू डे डै डो डौ डं डः |
| ढ | ढ ढा ढि ढी ढु ढू ढे ढै ढो ढौ ढं ढः |
| ण | ण णा णि णी णु णू णे णै णो णौ णं णः |
| त | त ता ति ती तु तू ते तै तो तौ तं तः |
| थ | थ था थि थी थु थू थे थै थो थौ थं थः |
| द | द दा दि दी दु दू दे दै दो दौ दं दः |
| ध | ध धा धि धी धु धू धे धै धो धौ धं धः |
| न | न ना नि नी नु नू ने नै नो नौ नं नः |
| प | प पा पि पी पु पू पे पै पो पौ पं पः |
| फ | फ फा फि फी फु फू फे फै फो फौ फं फः |
| ब | ब बा बि बी बु बू बे बै बो बौ बं बः |
| भ | भ भा भि भी भु भू भे भै भो भौ भं भः |
| म | म मा मि मी मु मू मे मै मो मौ मं मः |
| य | य या यि यी यु यू ये यै यो यौ यं यः |
| र | र रा रि री रु रू रे रै रो रौ रं रः |
| ल | ल ला लि ली लु लू ले लै लो लौ लं लः |
| व | व वा वि वी वु वू वे वै वो वौ वं वः |
| श | श शा शि शी शु शू शे शै शो शौ शं शः |
| ष | ष षा षि षी षु षू षे षै षो षौ षं षः |
| स | स सा सि सी सु सू से सै सो सौ सं सः |
| ह | ह हा हि ही हु हू हे है हो हौ हं हः |
| ळ | ळ ळा ळि ळी ळु ळू ळे ळै ळो ळौ ळं ळः |
वरील पद्धतीने प्रत्येक व्यंजनाला स्वरांची मात्रा जोडून बाराखडी तयार होते.
Marathi Barakhadi With English
मराठी बाराखडी शिकताना अनेक मुलांना इंग्रजीतील उच्चार समोर असले की अक्षरे लक्षात ठेवणे सोपे जाते.
उदाहरण:
क – Ka
का – Kaa
कि – Ki
की – Kee
कु – Ku
कू – Koo
के – Ke
कै – Kai
को – Ko
कौ – Kau
कं – Kam/Kaṃ
कः – Kah
याच पद्धतीने ख, ग, घ, च, ज, ट, त, प, म, य, र, ल, व, स आणि इतर व्यंजनांचा सराव करता येतो.
मुलांना मराठी बाराखडी कशी शिकवावी?
मुलांना एकाच वेळी संपूर्ण बाराखडी पाठ करण्यास सांगितल्यास त्यांना ती अवघड वाटू शकते. त्यामुळे दररोज काही अक्षरांचा सराव करणे अधिक सोपे ठरते.
सुरुवातीला एका दिवसात क, ख, ग या तीन अक्षरांची बाराखडी मोठ्याने वाचून घ्यावी. त्यानंतर तीच अक्षरे वहीमध्ये लिहायला सांगावीत. दुसऱ्या दिवशी घ, च, छ यांचा सराव करता येतो.
बाराखडी वाचताना फक्त पाठांतर करण्यापेक्षा प्रत्येक अक्षराचा उच्चार स्पष्टपणे करणे महत्त्वाचे आहे. उदाहरणार्थ:
क – का – कि – की – कु – कू – के – कै – को – कौ
अशी सलग वाचण्याची सवय लावल्यास मात्रा ओळखण्यास मदत होते.
बाराखडीसोबत सोपे शब्द वाचा
बाराखडीचा सराव झाल्यानंतर मुलांना छोट्या शब्दांचे वाचन करायला लावावे.
क – कमळ, काका, कप
ग – गाय, गाडी, गणपती
म – मामा, माला, मासा
प – पतंग, पान, पाणी
ब – बकरी, बाग, बाटली
र – रथ, राजा, रस्ता
यामुळे अक्षरांचा प्रत्यक्ष शब्दांमध्ये कसा वापर होतो हे मुलांना समजते.
Marathi Barakhadi का महत्त्वाची आहे?
मराठी वाचनाची सुरुवात अक्षरांच्या ओळखीपासून होते. त्यानंतर स्वर, व्यंजन आणि मात्रा समजल्यावर मुलांना शब्द वाचणे सोपे होते. बाराखडीच्या नियमित सरावामुळे अक्षरांचे वेगवेगळे उच्चार आणि मात्रा ओळखण्याची सवय लागते.
विशेषतः पहिली आणि दुसरीच्या विद्यार्थ्यांसाठी, मराठी माध्यमातील मुलांसाठी तसेच घरी मराठी वाचनाचा सराव करणाऱ्या मुलांसाठी Marathi Barakhadi Chart उपयोगी ठरू शकतो.
मराठी बाराखडी PDF आणि Chart
पालक आणि शिक्षक मुलांच्या अभ्यासासाठी मराठी बाराखडीचा चार्ट प्रिंट करून अभ्यासाच्या ठिकाणी लावू शकतात. रोज काही मिनिटे बाराखडी मोठ्याने वाचल्यास मुलांना अक्षरांची ओळख आणि मात्रा लक्षात ठेवण्यास मदत होऊ शकते.
बाराखडी शिकताना वाचणे + लिहिणे + उच्चार करणे या तिन्ही गोष्टींचा एकत्र सराव करणे अधिक उपयोगी ठरते.
निष्कर्ष
Marathi Barakhadi ही मराठी भाषा शिकण्याचा एक महत्त्वाचा पाया आहे. क, ख, ग यांसारख्या व्यंजनांना वेगवेगळ्या स्वरांच्या मात्रा जोडून तयार होणारी अक्षरे मुलांना मराठी वाचन आणि लेखन समजण्यासाठी मदत करतात.
जर मुलांना बाराखडी सुरुवातीपासून सोप्या पद्धतीने शिकवली आणि दररोज थोडा सराव करून घेतला, तर पुढे शब्द, वाक्य आणि उतारे वाचणे अधिक सहज होऊ शकते.लहान मुलांना मराठी वाचायला आणि लिहायला शिकवताना सर्वात महत्त्वाची गोष्ट म्हणजे मराठी बाराखडी. अक्षरांची ओळख झाल्यानंतर स्वर आणि व्यंजन यांचा संयोग समजला की मुलांना शब्द वाचणे आणि लिहिणे सोपे जाते. त्यामुळेच शाळेतील सुरुवातीच्या शिक्षणात Marathi Barakhadi ला विशेष महत्त्व दिले जाते.
या लेखामध्ये आपण मराठी बाराखडी, मराठी स्वर, व्यंजन, क ची बाराखडी, ख ची बाराखडी, ग ची बाराखडी तसेच क ते ज्ञ पर्यंतची संपूर्ण बाराखडी सोप्या पद्धतीने पाहणार आहोत. मुलांना वाचनाचा सराव करण्यासाठी खाली दिलेला तक्ता उपयोगी ठरेल.
मराठी बाराखडी म्हणजे काय?
व्यंजनाला वेगवेगळ्या स्वरांची मात्रा जोडून तयार होणाऱ्या अक्षरांच्या रूपांना बाराखडी म्हणतात. उदाहरणार्थ, ‘क’ या व्यंजनाला वेगवेगळ्या स्वरांच्या मात्रा जोडल्यावर क, का, कि, की, कु, कू, के, कै, को, कौ, कं, कः अशी रूपे तयार होतात.
बाराखडीचा सराव केल्यामुळे मुलांना अक्षरांचे उच्चार, मात्रा आणि शब्दरचना समजण्यास मदत होते. त्यामुळे मराठी वाचन आणि लेखन शिकण्यासाठी Marathi Barakhadi हा एक महत्त्वाचा पाया मानला जातो.
मराठी स्वर
बाराखडी समजून घेण्यासाठी आधी स्वरांची ओळख असणे आवश्यक आहे. सामान्यतः बाराखडीच्या तक्त्यामध्ये खालील १२ स्वरांचा वापर केला जातो:
अ, आ, इ, ई, उ, ऊ, ए, ऐ, ओ, औ, अं, अः
या स्वरांच्या मात्रा व्यंजनांबरोबर जोडून वेगवेगळी अक्षरे तयार होतात.
स्वरांच्या मात्रा
| स्वर | मात्रा | उदाहरण |
|---|---|---|
| अ | — | क |
| आ | ा | का |
| इ | ि | कि |
| ई | ी | की |
| उ | ु | कु |
| ऊ | ू | कू |
| ए | े | के |
| ऐ | ै | कै |
| ओ | ो | को |
| औ | ौ | कौ |
| अं | ं | कं |
| अः | ः | कः |
मराठी व्यंजन
मराठी बाराखडीमध्ये स्वरांबरोबर व्यंजनांचा संयोग केला जातो. प्रमुख व्यंजनांमध्ये खालील अक्षरांचा समावेश होतो:
क, ख, ग, घ, ङ
च, छ, ज, झ, ञ
ट, ठ, ड, ढ, ण
त, थ, द, ध, न
प, फ, ब, भ, म
य, र, ल, व
श, ष, स, ह, ळ
तसेच क्ष आणि ज्ञ ही संयुक्त अक्षरेही मराठी शिक्षणात शिकवली जातात.
क ची मराठी बाराखडी
क या अक्षराची बाराखडी:
क
का
कि
की
कु
कू
के
कै
को
कौ
कं
कः
इंग्रजी उच्चाराच्या सरावासाठी:
Ka – Kaa – Ki – Kee – Ku – Koo – Ke – Kai – Ko – Kau
ख ची बाराखडी
ख
खा
खि
खी
खु
खू
खे
खै
खो
खौ
खं
खः
Kha – Khaa – Khi – Khee – Khu – Khoo – Khe – Khai – Kho – Khau
ग ची बाराखडी
ग
गा
गि
गी
गु
गू
गे
गै
गो
गौ
गं
गः
Ga – Gaa – Gi – Gee – Gu – Goo – Ge – Gai – Go – Gau
घ ची बाराखडी
घ
घा
घि
घी
घु
घू
घे
घै
घो
घौ
घं
घः
Gha – Ghaa – Ghi – Ghee – Ghu – Ghoo – Ghe – Ghai – Gho – Ghau
संपूर्ण Marathi Barakhadi Chart
खाली मराठी बाराखडीचा संपूर्ण सराव करण्यासाठी तक्ता दिला आहे. प्रत्येक व्यंजनाला १२ स्वरांची रूपे जोडली आहेत.
| व्यंजन | बाराखडी |
| क | क का कि की कु कू के कै को कौ कं कः |
| ख | ख खा खि खी खु खू खे खै खो खौ खं खः |
| ग | ग गा गि गी गु गू गे गै गो गौ गं गः |
| घ | घ घा घि घी घु घू घे घै घो घौ घं घः |
| च | च चा चि ची चु चू चे चै चो चौ चं चः |
| छ | छ छा छि छी छु छू छे छै छो छौ छं छः |
| ज | ज जा जि जी जु जू जे जै जो जौ जं जः |
| झ | झ झा झि झी झु झू झे झै झो झौ झं झः |
| ट | ट टा टि टी टु टू टे टै टो टौ टं टः |
| ठ | ठ ठा ठि ठी ठु ठू ठे ठै ठो ठौ ठं ठः |
| ड | ड डा डि डी डु डू डे डै डो डौ डं डः |
| ढ | ढ ढा ढि ढी ढु ढू ढे ढै ढो ढौ ढं ढः |
| ण | ण णा णि णी णु णू णे णै णो णौ णं णः |
| त | त ता ति ती तु तू ते तै तो तौ तं तः |
| थ | थ था थि थी थु थू थे थै थो थौ थं थः |
| द | द दा दि दी दु दू दे दै दो दौ दं दः |
| ध | ध धा धि धी धु धू धे धै धो धौ धं धः |
| न | न ना नि नी नु नू ने नै नो नौ नं नः |
| प | प पा पि पी पु पू पे पै पो पौ पं पः |
| फ | फ फा फि फी फु फू फे फै फो फौ फं फः |
| ब | ब बा बि बी बु बू बे बै बो बौ बं बः |
| भ | भ भा भि भी भु भू भे भै भो भौ भं भः |
| म | म मा मि मी मु मू मे मै मो मौ मं मः |
| य | य या यि यी यु यू ये यै यो यौ यं यः |
| र | र रा रि री रु रू रे रै रो रौ रं रः |
| ल | ल ला लि ली लु लू ले लै लो लौ लं लः |
| व | व वा वि वी वु वू वे वै वो वौ वं वः |
| श | श शा शि शी शु शू शे शै शो शौ शं शः |
| ष | ष षा षि षी षु षू षे षै षो षौ षं षः |
| स | स सा सि सी सु सू से सै सो सौ सं सः |
| ह | ह हा हि ही हु हू हे है हो हौ हं हः |
| ळ | ळ ळा ळि ळी ळु ळू ळे ळै ळो ळौ ळं ळः |
वरील पद्धतीने प्रत्येक व्यंजनाला स्वरांची मात्रा जोडून बाराखडी तयार होते.
Marathi Barakhadi With English
मराठी बाराखडी शिकताना अनेक मुलांना इंग्रजीतील उच्चार समोर असले की अक्षरे लक्षात ठेवणे सोपे जाते.
उदाहरण:
क – Ka
का – Kaa
कि – Ki
की – Kee
कु – Ku
कू – Koo
के – Ke
कै – Kai
को – Ko
कौ – Kau
कं – Kam/Kaṃ
कः – Kah
याच पद्धतीने ख, ग, घ, च, ज, ट, त, प, म, य, र, ल, व, स आणि इतर व्यंजनांचा सराव करता येतो.
मुलांना मराठी बाराखडी कशी शिकवावी?
मुलांना एकाच वेळी संपूर्ण बाराखडी पाठ करण्यास सांगितल्यास त्यांना ती अवघड वाटू शकते. त्यामुळे दररोज काही अक्षरांचा सराव करणे अधिक सोपे ठरते.
सुरुवातीला एका दिवसात क, ख, ग या तीन अक्षरांची बाराखडी मोठ्याने वाचून घ्यावी. त्यानंतर तीच अक्षरे वहीमध्ये लिहायला सांगावीत. दुसऱ्या दिवशी घ, च, छ यांचा सराव करता येतो.
बाराखडी वाचताना फक्त पाठांतर करण्यापेक्षा प्रत्येक अक्षराचा उच्चार स्पष्टपणे करणे महत्त्वाचे आहे. उदाहरणार्थ:
क – का – कि – की – कु – कू – के – कै – को – कौ
अशी सलग वाचण्याची सवय लावल्यास मात्रा ओळखण्यास मदत होते.
बाराखडीसोबत सोपे शब्द वाचा
बाराखडीचा सराव झाल्यानंतर मुलांना छोट्या शब्दांचे वाचन करायला लावावे.
क – कमळ, काका, कप
ग – गाय, गाडी, गणपती
म – मामा, माला, मासा
प – पतंग, पान, पाणी
ब – बकरी, बाग, बाटली
र – रथ, राजा, रस्ता
यामुळे अक्षरांचा प्रत्यक्ष शब्दांमध्ये कसा वापर होतो हे मुलांना समजते.
Marathi Barakhadi का महत्त्वाची आहे?
मराठी वाचनाची सुरुवात अक्षरांच्या ओळखीपासून होते. त्यानंतर स्वर, व्यंजन आणि मात्रा समजल्यावर मुलांना शब्द वाचणे सोपे होते. बाराखडीच्या नियमित सरावामुळे अक्षरांचे वेगवेगळे उच्चार आणि मात्रा ओळखण्याची सवय लागते.
विशेषतः पहिली आणि दुसरीच्या विद्यार्थ्यांसाठी, मराठी माध्यमातील मुलांसाठी तसेच घरी मराठी वाचनाचा सराव करणाऱ्या मुलांसाठी Marathi Barakhadi Chart उपयोगी ठरू शकतो.
मराठी बाराखडी PDF आणि Chart
पालक आणि शिक्षक मुलांच्या अभ्यासासाठी मराठी बाराखडीचा चार्ट प्रिंट करून अभ्यासाच्या ठिकाणी लावू शकतात. रोज काही मिनिटे बाराखडी मोठ्याने वाचल्यास मुलांना अक्षरांची ओळख आणि मात्रा लक्षात ठेवण्यास मदत होऊ शकते.
बाराखडी शिकताना वाचणे + लिहिणे + उच्चार करणे या तिन्ही गोष्टींचा एकत्र सराव करणे अधिक उपयोगी ठरते.
निष्कर्ष
Marathi Barakhadi ही मराठी भाषा शिकण्याचा एक महत्त्वाचा पाया आहे. क, ख, ग यांसारख्या व्यंजनांना वेगवेगळ्या स्वरांच्या मात्रा जोडून तयार होणारी अक्षरे मुलांना मराठी वाचन आणि लेखन समजण्यासाठी मदत करतात.
जर मुलांना बाराखडी सुरुवातीपासून सोप्या पद्धतीने शिकवली आणि दररोज थोडा सराव करून घेतला, तर पुढे शब्द, वाक्य आणि उतारे वाचणे अधिक सहज होऊ शकते.
